चाँद से जुड़े 42 रोचक मजेदार बातें | Facts About Moon in Hindi

Moon in Hindi – चंद्रमा को लेकर कहानियों का संसार बहुत ही रोचक है। लेकिन इन सबसे परे चांद को लेकर विज्ञान की दुनिया ने भी बड़ी ही रोचक और यथार्थपरक जानकारी सामने रखी हैं। वैज्ञानिको का मानना है कि आज से 450 करोड़ साल पहले ‘थैया’ नामक उल्का धरती से टकराया और धरती का कुछ हिस्सा टूट कर अलग हो गया जो कि चाँद बना। लेकिन और भी चाँद से जुड़े कई ऐसे मजेदार, रोचक बातें जिसे शायद ही आपको पता होगा। तो चलिए जानते हैं Chand ke bare me rochak jankari..

चाँद से जुड़े 40 रोचक मजेदार बातें | Facts About Moon In Hindiचाँद के बारे में रोचक तथ्य – Interesting Facts About Moon in Hindi

1). चंद्रमा का आकार देखने में गोल लगता हैं, लेकिन इसका आकार गोल नही है बल्कि यह अंडे के आकार का है।

2). चन्द्रमा (Moon) पृथ्वी का एकमात्र प्राकृतिक उपग्रह है। और यह सौरमंडल के 181 उपग्रहों में यह पांचवा सबसे बड़ा उपग्रह है।

3). चन्द्रमा 4.5 अरब साल पहले पृथ्वी और थीया (मार्स के आकार का तत्व) के बीच हुए भीषण टकराव के बाद बचे हुए अवशेषों के मलबे से बना था।

4). चाँद का वजन लगभग 81,00,00,00,000(81 अरब) टन है।

5). चाँद का व्यास धरती के व्यास का सिर्फ चौथा हिस्सा है और लगभग 49 चाँद धरती में समा सकते हैं।

6). चाँद का क्षेत्रफल (Moon Area) अफ्रीका के क्षेत्रफल के बराबर है।

7), आपको यह जानकर हैरानी होगी की नील आर्मस्ट्रोग ने चाँद पर जब अपना पहला कदम रखा तो उससे जो निशान चाँद की जमीन पर बना वह अब तक है और अगले कुछ लाखों सालो तक ऐसा ही रहेगा। क्योंकि चांद पर हवा तो है ही नही जो इसे मिटा दे।

8). नील आर्मस्ट्रांग जब पहली बार चांद पर चले थे, तो उनके पास Wright Brothers के पहले हवाई जहाज का एक टुकड़ा था।

9). धरती से अगर चांद गायब हो जाए तो पृथ्वी पर दिन महज छह घंटे के लिए होगा।

10). चंद्रमा की गुरुत्वाकर्षण शक्ति पृथ्वी से कम होती है। अगर आंकड़ों में बात की जाए तो चांद पर इंसान का वजन 16.5% कम होता है। यही कारण है कि चांद पर अंतरिक्ष यात्री ज्यादा उछलकूद कर सकते हैं।

11). चंद्रमा की ही गुरुत्वाकर्षण शक्ति के कारण पृथ्वी (Earth) के सागरीय जल में ज्वार-भाटा उत्पन्न होता है।

12). पिछले 41 साल से चांद पर कोई आदमी नही गया है और अबतक मात्र 12 लोग चाँद पर गए हैं।

13). चंद्रमा की फोटो में अपने कही-कही गड्डे देखे होंगे। ये गड्डे चंद्रमा की सतह से टकराने वाले क्षुद्रग्रह और धूमकेतु के कारण बने हैं।

14). खबरों के मुताबिक 1950 में अमेरिका ने चांद को एटम बम से उड़ाने की योजना बनाई थी। अमेरिका के सैन्य अधिकारियों ने यह सनसनीखेज योजना अपने धुर विरोधी रूस को अपनी ताकत से खौफजदा करने के लिए रची जब दोनों देशों के बीच शीत युद्ध अपने चरम पर था।

15). नील आर्मस्ट्रोग ने चाँद पर जब अपना पहला कदम रखा तो उससे जो निशान चाँद की जमीन पर बना वह अब तक है और अगले कुछ लाखों सालो तक ऐसा ही रहेगा। क्योंकि चांद पर हवा तो है ही नही जो इसे मिटा दे।

16). जब अंतरिक्ष यात्री एलन सैपर्ड चांद पर थे तब उन्होंने एक golf ball को hit मारा जोकि तकरीबन 800 मीटर दूर तक गई।

17). चंद्रमा की गुरुत्वाकर्षण शक्ति कम है। किसी भी तरह का वायुमंडल का न होने का मतलब है कि सौर वायु और उल्कापिंड के आने का खतरा लगातार बना रहता है।

18). चाँद पर पानी भारत की खोज है. भारत से पहले भी कई वैज्ञानिको का मानना था कि चांद पर पानी होगा परन्तु किसी ने खोजा नही।

19). अगर आप अपने इंटरनेट की स्पीड से खुश नहीं हैं तो आप चांद का रुख कर सकते है। जी हां, नासा ने वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाते हुए चांद पर वाई-फाई कनेक्शन की सुविधा उपलब्ध कराई है जिसकी 19 एमबीपीएस की स्पीड बेहद हैरतअंगेज है।

Moon Facts in Hindi (42)

20). चंद्रमा पृथ्वी से हर साल 3.78 सेमी दूर होता जा रहा है और अगले 50 अरब साल तक ऐसा ही होता रहेगा। ऐसा होने पर चांद पृथ्वी की परिक्रमा करने में 47 दिन लगाएगा। अभी चांद को पृथ्वी की परिक्रमा करने में 28 दिन लगते हैं।

21). अपने बैग और एक अमेरिकन झंडे के अलावा एपोलो 11 के अंतरिक्ष यात्री चांद की धरती पर कुछ यादगार निशानी भी छोड़ गए थे।

22). चंद्रमा की सतह पर धूल का गुबार सूर्योदय और सूर्यास्त के समय पर मंडराता रहता है। इसका असली कारण अभी तक पता नहीं चल सका है।

23). चंद्रमा पर मनुष्य द्वारा छोडे गए 96 बैग ऐसे है जिनमें मल,मूत्र और उल्टी है।

24). चांद पर करीब 1 लाख 81 हजार 400 किलो का मानव निर्मित मलबा पड़ा हुआ है जिसमें 70 से अधिक अंतरिक्ष यान और दुर्घटनाग्रस्त कृत्रिम उपग्रह भी शमिल हैं।

25). अगर आप का वजन धरती पर 60 किलो है तो चाँद की low gravity की वजह से चाँद पर आपका वजन 10 किलो ही होगा।

26). अभी तक जिन उपग्रहों के घनत्व ज्ञात हैं, उनमें Moon दूसरा सबसे अधिक घनत्व वाला उपग्रह है। पहले स्थान पर बृहस्पति का उपग्रह आयो है।

27). पृथ्वी पर अगर चंद्र ग्रहण लगा है तो चांद पर सूर्य ग्रहण होगा।

28). चांद धरती के आकार का सिर्फ 27 प्रतीशत हिस्सा ही है।

29). पूरा चाँद आधे चाँद से 9 गुना ज्यादा चमकदार होता है।

30). जब सारे अपोलो अंतरिक्ष यान चाँद से वापिस आए तब वह कुल मिलाकर 296 चट्टानों के टुकड़े लेकर आए जिनका द्रव्यमान(वजन) 382 किलो था।

31). चाँद धरती के ईर्ध-गिर्द घूमते समय अपना सिर्फ एक हिस्सा ही धरती की तरह रखता है इसलिए चाँद का दूसरा पासा आज तक धरती से किसी मनुष्य ने नही देखा। हालाँकि बाकि हिस्से का फोटो लिया जा चूका हैं।

32). चाँद के दिन का तापमान 180 डिगरी सेलसीयस तक पहुँच जाता है जब कि रात का -153 डिगरी सेलसीयस तक।

33). ये जानकर हैरानी होगी कि आपके मोबाइल फोन में अपोलो 11 यान के चंद्रमा लैंडिग के समय यूज किये गए कंप्यूटर की तुलना में अधिक कंप्यूटिंग शक्ति है।

34). अमेरिकी सरकार ने चांद पर आदमी भेजने और ओसामा बिन लादेन को ढूंढने में बराबर टाइम और पैसा खर्च किया : 10 साल और 100 बिलियन us$.

35). Apollo-11 यान का चंद्रमा लैंडिग के समय बनाया गया Original टेप मिट गया था यह गलती से दोबारा इस्तेमाल कर लिया था।

36). यह आश्चर्यजनक हो सकता है लेकिन चांद की सतह पर बेहद अस्थिर और हल्का वायुमंडल मौजूद है। चांद पर पानी भी तरल नहीं बल्कि सॉलिड फॉर्म में मौजूद है। नासा के एलएडीईई प्रोजेक्ट के मुताबिक यह हीलियम, नीयोन और ऑर्गन गैसों से बना हुआ है।

37). Mans Huygons चाँद की सबसे ऊँची चोटी है. इसकी लंम्बाई लगभग 4700 मीटर है।

38). पृथ्वी का परिभ्रमण करने के दौरान चंद्रमा की विभिन्न प्रावस्थाएँ, जो पृथ्वी, चंद्रमा तथा सूर्य की सापेक्ष स्थिति में होने वाले परिवर्तनों के कारण उत्पन्न होती हैं। चंद्रमा की इन्हीं प्रावस्थाओं को नवचंद्र, पूर्णचंद्र आदि की संज्ञा दी जाती है।

39). पृथ्वी के मध्य से चन्द्रमा के मध्य तक कि दूरी 384, 403 किलोमीटर है।

40). चंद्रमा से आसमान नीला नहीं बल्कि काला दिखायी देता है क्योंकि वहां प्रकाश का प्रकीर्णन नहीं है।

41). टेलीस्कोप से चंद्रमा जिस तरह का दिखाई पड़ता है, उसका मानचित्र ब्रिटिश खगोलशास्त्री थॉमस हैरियट (Thomas Harriot) द्वारा सबसे पहले बनाया गया था।

42). चाँद की सतह पर गोल्फ भी खेला गया हैं। गोल्फ खेलने वाले अंतरिक्ष यात्री एलन शेफर्ड (Alan Shepherd) थे, जिन्होंने 1971 में चंद्रमा की सतह पर गोल्फ खेला था। उनके द्वारा हिट की गई गोल्फ की गेंद ने 800 मीटर का फ़ासला तय किया था।


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