थलस्सरी क़िला कन्नूर, इतिहास, जानकारी | Thalassery Fort History in Hindi

Thalassery Fort / थलस्सरी क़िला केरल राज्य के कन्नूर शहर के पर्यटन स्थलें में से एक थलस्सरी क़िला (Thalassery Kila) है। इसे तेलीचेरी के नाम से भी जाना जाता है, यह शहर मालाबार तट पर सुनहरे पंखों के साथ अपने जीवंत इतिहास और अद्भूत प्राकृतिक सौंदर्य के लिए विख्‍यात है। थलस्सरी क़िले का निर्माण ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी ने 1708 ई. में करवाया था।

थलस्सरी क़िला कन्नूर, इतिहास, जानकारी | Thalassery Fort History in Hindi

थलस्सरी क़िला का इतिहास और जानकारी – Thalassery Fort Information & History in Hindi

थलस्सरी नगर के थिरूवल्लपद हिल पर यह क़िला बना हुआ है जो दक्षिणी कन्नूर से 20 किलोमीटर दूर है। यह उत्‍तरी केरल के सबसे गतिशील शहरों में से एक है। इस जीवंत जगह का नाम भारतीय सांस्‍कृतिक इतिहास में सर्कस, क्रिकेट और केक के जन्‍मस्‍थान के रूप में चिन्ह्ति है। इतिहास के अनेक उतार-चढ़ाव का गवाह यह क़िला पर्यटकों को काफ़ी पसंद आता है।

व्‍यापार की स्‍थापना के उद्देश्‍य के साथ ब्रिटिश ने 1682 में थालास्‍सेरी में प्रवेश किया। तटीय रेखा की समीपता के कारण यह शहर मुख्‍य वाणिज्यिक केंद्र बन गया। इस शहर को मालाबार की सांस्‍कृतिक राजधानी के रूप में जाना जाता है क्‍यूंकि यहां काफी संख्‍या में साहित्यिक और राजनीतिक गतिविधियां होती रहती हैं। इस जीवंत शहर से पहला मलयालम अखबार और उपन्‍यास भी पब्लिश हुआ था।

थलस्सरी क़िले का निर्माण ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी ने 1708 ई. में करवाया था। लाल ईटों से बना यह क़िला दो एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है। अंग्रेज़ इस क़िले का उपयोग टकसाल और कारागार के तौर पर करते थे। हैदर अली की सेना के अनेक नेताओं को यहाँ कैद किया गया था। क़िले के निकट ही सेन्ट जॉन चर्च है, जहाँ एडवर्ड ब्रेन्नन ने आराम किया था।

थालास्‍सेरी के मुख्‍य पर्यटन आकर्षणों में इंग्लिश चर्च, मछुआरा मंदिर, ओवरव्‍यूरी फॉली, थालास्‍सेरी किला और जुमा मस्जिद शामिल हैं। इतिहास प्रेमी यहां आकर हर्मन गनर्डट के बंगले को पसंद करेगें, हर्मन गनडर्ट एक जर्मन मिशनरी थे जिन्‍होने पहली मलयालम – अंग्रेजी शब्‍दकोश को संकलित किया था। माहे, भारत में प्रमुख फ्रेंच उपनिवेश है जो थालास्‍सेरी से 15 किमी. दूर स्थित है और यात्रा के लायक है।

वेलस्‍ले बंगला, रानदाट्टरा दालचीनी एस्‍टेट, कैथोलिक रोजरी चर्च, वामिल मंदिर, टैगोर पार्क, उदय कलारी संगम, गर्वमेंट हाउस और ओदाथिल पल्‍ली, इस ऐतिहासिक शहर की तरफ सैकड़ों पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। मुझापिलांगड़ तट, केरल का इकलौता ड्राइव – ईन – बीच है जो थालास्‍सेरी से लगभग 9 किमी. की दूरी पर स्थित है।

कैसे पहुंचे

कन्नूर शहर अन्य शहरों से रेल और सड़क मार्ग से अच्‍छी तरह जुड़ा हुआ है। लोग सांस्‍कृतिक, प्राकृतिक, जायकों और इतिहास में रूचि रखते है और उसे करीब से देखना चाहते हैं, उनके लिए थालास्‍सेरी आर्दश हॉलीडे स्‍पॉट है।


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