अमेरिका ‘USA’ का इतिहास | America History in Hindi

America / संयुक्त राज्य अमेरिका (U.S.A) उत्तर अमेरिकी महाद्वीप में स्थित एक देश है। इसकी राजधानी वाशिंगटन है। अमेरिका को नई दुनिया के नाम से भी जाना जाता है। 38 लाख वर्ग मील (98 लाख किमी2) और 32.4 करोड़ से अधिक जनसंख्या के साथ, संयुक्त राज्य कुल क्षेत्रफल के अनुसार विश्व का तीसरा सबसे बड़ा (और भूमि क्षेत्रफल के अनुसार, चौथा सबसे बड़ा) देश हैं, और जनसंख्या के अनुसार तीसरा सबसे बड़ा देश हैं। यह विश्व के सबसे संजातीय आधार पर विविध और बहुसांस्कृतिक राष्ट्रों में से एक हैं।

अमेरिका (U.S.A) का इतिहास | America History In Hindiसंयुक्त राज्य अमेरिका का परिचय – America Information in Hindi

संयुक्त राज्य अमेरिका (यू एस ए), जिसे सामान्यतः संयुक्त राज्य यू एस) या अमेरिका कहा जाता हैं। इस देश का सबसे बड़ा शहर न्यू यॉर्क सिटी हैं। यह 50 राज्यों, एक संघीय जिला, पाँच मुख्य आत्म शासी प्रदेश और बहुत से अधिकारों वाला देश है। पचास में से 48 राज्य और एक संघीय जिला मिला हुआ है और उत्तरी अमेरिका में कनाडा और मेक्सिको स्थित है।

यहां का भूगोल, जलवायु और वन्यजीवन बेहद विविध हैं। अमेरिका के बहुत से अधिनस्थ क्षेत्र हैं जो ओशिनिया और अन्य स्थानों पर भी फैले हैं। यह एक राष्ट्रप्तिय गणतंत्र है। 30.5 करोड़ की जनसंख्या के साथ यह चीन और भारत के बाद विश्व का सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश है यद्यपि तीसरे स्थान पर होने के पश्चात भी इसकी जनसंख्या प्रथम दो की तुलना में बहुत कम है। 2010 तक अमेरिका में तक़रीबन 80% शहरीकरण हो चूका है और दिन ब दिन विकसित हो ही रहा है।

संयुक्त राज्य अमेरिका का इतिहास – America History in Hindi

1492 में जब कोलंबस भारत की खोज में निकला था तो उसे रास्ते में अमेरिकी महाद्वीपों के पास स्थित एक द्वीप जिसे वो भारत समझा, लेकिन अमेरिगो वेस्पूची नाम के एक और खोजी ने बताया की यह भारत नहीं अमेरिका हैं। जब अमेरिकी महाद्वीपों के बारे में जानकारी युरोपिय देशों को मिली तो उसे अपना उपनिवेश बनाने की होड़ मच गई जिसमें ब्रिटेन, स्पेन और फ्रांस सबसे आगे थे।

“अमेरिका” शब्द को हिन्दी और अन्य बहुत सी भाषाओं में अधिकांशतः संयुक्त राज्य अमरीका के लिए प्रयुक्त किया जाता है, जो तकनीकी रूप से सही नहीं है क्योंकि अमेरिका शब्द यूरोप के लोगों द्वारा इस पूरी नई दुनिया के लिए प्रयुक्त किया गया था ना कि वर्तमान संयुक्त राज्य अमेरिका के लिए। अमेरिका को नई दुनिया के नाम से भी जाना जाता है क्योंकि 15वीं सदी में ही इन महाद्वीपों की खोज यूरोपियनों द्वारा की गई थी। हालांकि इससे पहले यह क्षेत्र ‘वाइकिंग’ और ‘इनूइट’ लोगों और स्थानीय लोगों को ज्ञात था।

पैलियो भारतीय ने एशिया से उत्तरी अमेरिका की ओर तक़रीबन 15,000 साल पहले ही पलायन कर लिया था। यूरोपियन लोगो का बसना यहाँ 16 वी शताब्दी में शुरू हुआ था। अमेरिका भी और देशो की भांति अंग्रेजो का गुलाम रहा हैं।

आज के अमेरिका देश के पूर्वी हिस्से में ब्रिटेन के लोगों ने अपनी अलग – अलग 13 कलोनियां बसा ली थी जो ब्रिटिश झंडे के नीचे रहकर अपना शासन चलाती थी। इन 13 कलोनियों में इंग्लैंड के सिवाए युरोप के अन्य लोग भी थे।

18वीं शताब्दी तक अमेरिका ब्रिटिश ताकत के अधीन था। लेकिन 16 दिसंबर 1773 को हुई एक घटना, जो बोस्टन चाय पार्टी के नाम से मशहूर है, ने अमेरिका की तकदीर पलटकर रख दी। उल्लेखनीय है कि वर्ष 1773 में ब्रिटिश संसद में एक प्रस्ताव पारित कर अमेरिकियों पर चाय के आयात पर प्रतीक के तौर पर कुछ कर लगा दिया गया। यह कर बहुत ज्यादा नहीं बल्कि सिर्फ प्रतीक के ही तौर पर लगाया गया था जिसका अर्थ यह दर्शाना था कि अमेरिका ब्रिटेन का गुलाम है। लेकिन अमेरिका को यह कतई मंजूर नहीं था कि उसके सम्मान और संप्रभुता के साथ कोई खिलवाड़ करे इसीलिए वह प्रतीकात्मक कर भी उसे बहुत भारी लगता था।

इसी प्रतीकात्मक कर के विरोध में संस ऑफ लिबर्टी नामक एक राजनीतिक दल के सदस्यों ने बोस्टन हार्बर पर चाय के तीन जहाजों को वापस ब्रिटेन लौटने से मना कर दिया और जहाजों में भरी चाय को चेस्टर नदी में बहा दिया। यह अमेरिकी लोगों के विरोध का तरीका था जिसके अनुसार उन्होंने यह स्पष्ट कर दिया कि उनके लिए उनकी संप्रभुत्ता से बढ़कर और कुछ नहीं है।

इसके बाद यूनाइटेड स्टेट 13 ब्रिटिश कॉलोनीयो के साथ पूर्वी तट में उभरा। इस घटना के बाद अमेरिका में ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ कार्यवाहियां बढ़ती गईं और अंतत: 1775 में इस घटना ने ‘अमेरिकी क्रांति’ को जन्म दिया। 4 जुलाई 1776 में अमेरिकन क्रांति युद्ध में कॉलोनी ग्रेट ब्रिटेन के साथ लढ रही थी, जबकि 13 कॉलोनी के प्रतिनिधियों ने सर्वसम्मति से आज़ादी के घोषणा को अपना लिया था।

संयुक्त राज्य अमेरिका, यह नाम थॉमस पेन द्वारा सुझाया गया था और 4 जुलाई, 1776 के स्वतंत्रता के घोषणापत्र में आधिकारिक रूप से प्रयुक्त किया गया। लघु रूप से इसके लिए बहुधा संयुक्त राज्य का भी उपयोग किया जाता है। 1783 में ग्रेट ब्रिटेन से यूनाइटेड स्टेट की आज़ादी के साथ यह युद्ध ख़त्म हुआ और यूरोपियन कॉलोनी साम्राज्य के खिलाफ यह पहला सफल युद्ध था। 1788 ईसवी में संयुक्त राष्ट्र ने अपने संविधान को लागू किया और जार्ज वाशिंगटन इसके पहले राष्ट्रपति बने।

पर सरकार के मूलभूत ढाँचे में सन् 1788 में बहुत परिवर्तन किए गए जब लेख संघ (आर्टिकल्स ऑफ कॉन्फेडरेशन) के स्थान पर अमेरिकी संविधान को लाया गया। संविधान के पहले दस संशोधन को बिल ऑफ़ राइट्स का नाम दिया गया, 1791 में इसकी पुष्टि की गयी और मौलिक नागरिक स्वतंत्रता के लिए इन्हें डिजाईन किया गया।

1848 में मेक्सिको में अमेरिकी हस्तक्षेप के कारण कैलिफोर्निया और वर्तमान अमेरिकी दक्षिणपश्चिम का अमेरिका में विलय हो गया। नए नवेले देश ने अपनी सीमाओं का पश्विम की ओर विस्तार करने के लिए स्थानीय इंडियन लोगों पर युद्धचक्र आरंभ किया जो उन्नीसवीं सदी के अंत तक चला और स्थानीय अमेरिकीयों को अपनी भूमियों से हाथ धोना पड़ा।

यूनाइटेड स्टेट ने 19 वी शताब्दी में भारतीय जनजाति को विस्थापित कर उत्तरी अमेरिका में जोरदार विस्तार की शुरुवात की थी, जिसमे उन्होंने नए प्रदेशो का भी अधिग्रहण किया था और धीरे-धीरे कुछ नये राज्यों का भी निर्माण किया था। 19 वी शताब्दी के दुसरे चरण में, अमेरिकन सिविल वॉर ने देश में क़ानूनी गुलामी का खात्मा किया। 1954 में स्कूलो नस्लीय अलगाव को असंवेधानिक घोषित किया गया और अमेरिका में अफ़्रीकी मूल के लोगो के अधिकारों के लिये सिविल राइट्स का अभियान चलाया गया। इस शताब्दी के अंत तक, यूनाइटेड स्टेट प्रशांत महासागर तक विस्तृत और देश आर्थिक स्थिति भी काफी मजबूत हो चुकी थी, साथ ही देश में औद्योगिक क्रांति ने भी ऊँची उड़ान भर ली थी।

प्रथम विश्व युद्ध में अमेरिका ने मिलिट्री पॉवर का दमखम दिखा के खुद को वैश्विक स्तर पर सुनिश्चित कर दिया। द्वितीय विश्व युद्ध से यूनाइटेड स्टेट वैश्विक महाशक्ति के रूप में उभरा और नुक्लेअर हथियारों को विकसित करने वाला पहला देश बना और युद्ध में उनका उपयोग करने वाला भी पहला देश बना और इसके साथ-साथ यूनाइटेड नेशन सिक्यूरिटी कौंसिल का स्थायी सदस्य बना। 1991 में सोवियत संघ के विघटन और शांति युद्ध के ख़त्म होते ही यूनाइटेड स्टेट महाशक्ति के नाम से जाना जाने लगा। और दुनिया के विकसित देशो में सुमार हो गई।

अमेरिका की अर्थव्यवस्था – America Economy

संयुक्त राज्य अमेरिका की अर्थव्यवस्था विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। संराअमेरिका का संज्ञात्मक सकल घरेलू उत्पाद वर्ष 200 9 के लिए अनुमानित 14,300 अरब $ था जो विश्व में सर्वाधिक था। केवल यही नहीं, संराअमेरिकी अर्थव्यवस्था में प्रति व्यक्ति उत्पादन भी बहुत अधिक है।

2009 में, यह 46,381 $ अनुमानित था, जो विश्व में छठा सर्वाधिक था। एतिहासिक रूप से, संरा अमेरिकी अर्थव्यवस्था ने स्थिर सकल घरेलू उत्पाद विकास दर, कम बेरोज़गारी दर और ऊँचे स्तर पर अनुसंधान और पूँजी निवेश को बनाए रखा है, जो दोनों राष्ट्रीय और घटती बचत दर के कारण, विदेशी निवेशकों द्वारा वित्त-पोषित रही है। और अनुसंधान और पूंजी दोनों राष्ट्रीय और, बचत दर कम की वजह से विदेशी निवेशकों द्वारा तेजी से, धन निवेश का उच्च स्तर है। 200 9 में, उपभोक्ता व्यय, सरकारी स्वास्थ्य सेवा व्यय मिलकर संराअमेरिकी अर्थव्यवस्था का 70% था।

अमेरिका ऐसा देश हैं जिसकी अर्थव्यवस्था का पालन दुसरे देश भी कर रहे है। यूनाइटेड स्टेट की अर्थव्यवस्था का निर्माण क्षेत्र दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा निर्माण क्षेत्र है। जबकि यूनाइटेड स्टेट की जनसँख्या वैश्विक जनसँख्या का केवल 4.4% ही है और इसका जीडीपी वैश्विक जीडीपी के त्रिमास के बराबर है और मिलिट्री कार्यो पर सबसे ज्यादा खर्च करने वाले देशो में यह तीसरे पायदान पर है, लेकिन आज भी यूनाइटेड स्टेट की मिलिट्री पॉवर और आर्थिक शक्ति को महाशक्ति माना जाता है।

अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भी यूनाइटेड स्टेट की राजनीतिक स्थिति और सांस्कृतिक बल का प्रभाव पड़ता है। यहां की करंसी डॉलर हैं जो दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी वैल्युएबल करंसी हैं। दुनिया के सबसे ज्यादा अरबपती अमेरिका से ही हैं। किसी भी मामले में अमेरिका दुनिया के और देशो से बहुत आगे हैं।

अमेरिका के बारे में रोचक बातें यहाँ से जाने – Amazing Facts About America In Hindi

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